बहादुरी की आखिरी कहानी: मोतिहारी एनकाउंटर में शहीद हुए STF जवान श्रीराम यादव
मुठभेड़ में शहीद हो गए जवान श्रीराम यादव

मोतिहारी। पूर्वी चंपारण जिले के चकिया थाना क्षेत्र में सोमवार देर रात अपराधियों के साथ हुई मुठभेड़ में स्पेशल टास्क फोर्स (STF) के जवान श्रीराम यादव शहीद हो गए। पुलिस अधिकारियों ने उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी।
घटना की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। शहीद जवान की मां और पत्नी ने रोते-रोते उन्हें अंतिम सलामी दी। शहीद जवान का पार्थिव शरीर मोतिहारी से उनके गृह जिला सीवान लाया जा रहा है, जहां पूरे राजकीय सम्मान के साथ उनका अंतिम संस्कार किया जाएगा।
रेड पर जाने की कहकर निकले थे घर से
जानकारी के अनुसार, सोमवार रात करीब 10 बजे श्रीराम यादव घर से यह कहकर निकले थे कि उन्हें एक रेड पर जाना है। करीब ढाई घंटे बाद रात 2:30 बजे चकिया थाना क्षेत्र में अपराधियों के साथ मुठभेड़ के दौरान उन्हें गोली लग गई। इस मुठभेड़ में दो अपराधी भी मारे गए।
पत्नी ने बताया आखिरी बातचीत
शहीद जवान की पत्नी सिंधू देवी ने बताया कि रात करीब 10:30 बजे कुछ पुलिसकर्मी घर आए और उनके पति को छापेमारी के लिए बुलाया। उन्होंने पति से पूछा कि कितने लोग जा रहे हैं, तो पुलिसकर्मियों ने कहा कि लोग कम हैं, लेकिन जाना जरूरी है।
इसके बाद श्रीराम ने पत्नी से कहा कि “तुम सो जाओ, हम आते हैं।” रात करीब तीन बजे फोन आया कि उन्हें चोट लगी है। जब वह अस्पताल पहुंचीं तो पता चला कि उनके पति की मौत हो चुकी है।
2016 में पुलिस में हुई थी बहाली
श्रीराम यादव मूल रूप से सीवान जिले के निवासी थे। वर्ष 2016 में उनकी बिहार पुलिस में बहाली हुई थी। करीब सात साल पहले उनकी शादी हुई थी।
परिवार में उनकी छह साल की एक बेटी है, जो अभी तक अपने पिता के घर लौटने का इंतजार कर रही थी। श्रीराम तीन भाइयों में मंझले थे और उनके पिता गांव में किराना दुकान चलाते हैं।
ऑपरेशन में सबसे आगे थे श्रीराम यादव
पुलिस के अनुसार, हाल ही में अपराधियों द्वारा पुलिस अधिकारियों को धमकी दिए जाने के बाद उनकी तलाश तेज कर दी गई थी। सूचना मिलने पर चकिया थाना पुलिस और STF की संयुक्त टीम ने सिहोरवा गांव में संत कुमार के घर पर छापेमारी की।
करीब 20 से 25 पुलिसकर्मियों की टीम मौके पर पहुंची। कार्रवाई के दौरान सबसे आगे श्रीराम यादव थे। उन्होंने घर की घंटी बजाई। करीब दो मिनट बाद एक बुजुर्ग व्यक्ति ने दरवाजा खोला और अंदर चला गया।
लाइट बंद होते ही शुरू हो गई फायरिंग
दरवाजा खुलने के कुछ ही क्षण बाद घर की सभी लाइटें बंद कर दी गईं। पुलिस के अंदर घुसने से पहले ही अपराधियों ने कार्बाइन से दो राउंड फायरिंग कर दी। एक गोली श्रीराम यादव के सीने में और दूसरी कमर में लगी। इसके बाद पुलिस ने तुरंत जवाबी कार्रवाई शुरू कर दी।
करीब 10 मिनट तक दोनों ओर से जबरदस्त गोलीबारी हुई और 20 से 30 राउंड फायरिंग हुई। इसी दौरान दोनों अपराधी कुंदन ठाकुर और प्रियांशु दुबे को भी गोली लगी, जिससे उनकी मौत हो गई। घटना के बाद पुलिस ने इलाके में सर्च अभियान तेज कर दिया है और मामले की आगे की जांच जारी है। वहीं शहीद जवान की शहादत से पूरे पुलिस महकमे में शोक की लहर है।
Author Profile

- अंकिता कुमारी पत्रकारिता की छात्रा हैं। वर्तमान में वह संजीवनी समाचार डॉट कॉम के साथ इंटर्नशिप कर रही हैं और समाचार लेखन व फील्ड रिपोर्टिंग में सक्रिय रूप से जुड़ी हुई है।
Latest entries
छपराMarch 17, 2026सारण में ‘ज्ञान भारतम मिशन’ के तहत पांडुलिपियों की खोज, अब सुरक्षित रहेंगी प्राचीन धरोहरें
बिहारMarch 17, 2026बहादुरी की आखिरी कहानी: मोतिहारी एनकाउंटर में शहीद हुए STF जवान श्रीराम यादव
बिहारMarch 17, 2026Criminal Encounter: मोतिहारी पुलिस ने दो कुख्यात अपराधियों का किया एनकाउंटर, एक STF जवान शहीद
करियर – शिक्षाMarch 16, 2026Rojagar Mela: नौकरी की तलाश कर रहें छपरा के बेरोजगारों के लिए सुनहरा मौका, 100 पदों पर होगी भर्ती, 20 हजार मिलेगा सैलरी







