पूर्वोत्तर रेलवे इंफ्रास्ट्रक्चर को किया उन्नत, 3 वंदे भारत एक्सप्रेस शुरू, 18 स्टेशनों को बनाया गया आधुनिक

छपरा: विकसित भारत 2047 के लक्ष्य की दिशा में पूर्वोत्तर रेलवे के वाराणसी मंडल ने वर्ष 2024 में अनेक महत्वपूर्ण उपलब्धियाँ हासिल कीं। वाराणसी मंडल ने अपने इंफ्रास्ट्रक्चर को उन्नत करते हुए यात्री और माल यातायात की सुविधाओं को विश्वस्तरीय बनाने के लिए कई अहम कदम उठाए हैं। इस वर्ष वाराणसी मंडल पर 93.20 किमी. रेल पटरियों का नवीनीकरण किया गया, जिसमें 26.68 किमी. स्लीपर नवीनीकरण और 105 टर्नआउट का नवीनीकरण भी शामिल है।
वाराणसी मंडल ने कुल 127.07 किमी. ट्रैक दोहरीकरण और तीसरी लाइन का काम पूरा किया, जिनमें छपरा-गौतमस्थान, भटनी-औंड़िहार, फेफना-इन्दारा-मऊ-शाहगंज, खुरहट-सठियांव, और वाराणसी-माधोसिंह-प्रयागराज परियोजनाएं शामिल हैं। इस वर्ष गाजीपुर घाट-ताड़ीघाट और गाजीपुर सिटी-ताड़ीघाट (16.79 किमी.) नई रेल लाइन का कार्य भी सफलतापूर्वक पूरा किया गया।
इसके अतिरिक्त, वाराणसी मंडल पर ऑटोमेटिक ब्लॉक सिगनलिंग का कार्य भी तेज़ी से जारी है, जिसके अंतर्गत अब तक लगभग 29.37 किमी. सिगनलिंग का काम पूरा किया गया है। इससे ट्रेन संचालन की क्षमता बढ़ी है और अधिक ट्रेनों का संचालन संभव हो पाया है।
महाकुंभ 2025 को ध्यान में रखते हुए कई विकास कार्य किए गए हैं, जिनमें झूसी स्टेशन यार्ड में डबल लेन रोड अंडरब्रिज का निर्माण, तथा प्रयागराज और झूसी स्टेशनों पर यात्री सुविधाओं का विस्तार शामिल है।
पूजा विशेष ट्रेनों की 1,725 फेरों में 259 ट्रेनें चलाई गईं
अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत 18 स्टेशनों का पुनर्विकास किया जा रहा है, जो आधुनिक वास्तुकला का उत्कृष्ट उदाहरण बनेंगे। इसके साथ ही, पूजा विशेष ट्रेनों की 1,725 फेरों में 259 ट्रेनें चलाई गईं।
वर्ष 2024 में पूर्वोत्तर रेलवे ने 03 वंदे भारत एक्सप्रेस शुरू की, जिनमें बनारस-आगरा कैंट-बनारस, पटना-गोमती नगर-पटना, और गोरखपुर-लखनऊ-गोरखपुर वंदे भारत एक्सप्रेस शामिल हैं। इन ट्रेनों के संचालन से यात्रा की गुणवत्ता में सुधार हुआ है।
12 छोटे पुलों का निर्माण
इसके अलावा, गाजीपुर-ताड़ीघाट नई रेल लाइन निर्माण की परियोजना का शिलान्यास प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किया था, और यह परियोजना 10 मार्च 2024 को लोकार्पित की गई। इस परियोजना के तहत गंगा नदी पर रेल पुल सहित 12 छोटे पुलों का निर्माण किया गया, जो पर्यावरण संरक्षण में योगदान देगा।
वाराणसी मंडल में सौर ऊर्जा के उपयोग को बढ़ावा दिया जा रहा है, और रेलवे स्टेशन भवनों, कोचिंग कॉम्प्लेक्स, अस्पतालों, प्रशिक्षण केंद्रों आदि पर सोलर पैनल लगाए गए हैं, जिससे ऊर्जा की खपत में बचत हो रही है।
खेल के क्षेत्र में भी पूर्वोत्तर रेलवे ने उल्लेखनीय उपलब्धियाँ
खेल के क्षेत्र में भी पूर्वोत्तर रेलवे ने उल्लेखनीय उपलब्धियाँ हासिल की हैं। कपूरथला में आयोजित 65वीं अखिल भारतीय रेलवे कुश्ती चैम्पियनशिप में पूर्वोत्तर रेलवे के पहलवानों ने 03 स्वर्ण, 02 रजत, और 02 कांस्य पदक जीतकर ओवरऑल चैम्पियन का खिताब अपने नाम किया।
पूर्वोत्तर रेलवे के वाराणसी मंडल ने वर्ष 2024 में अपने इंफ्रास्ट्रक्चर और सेवाओं में उल्लेखनीय सुधार किए हैं, जो न केवल यात्री सुविधाओं को बेहतर बना रहे हैं, बल्कि क्षेत्रीय और राष्ट्रीय विकास में भी महत्वपूर्ण योगदान दे रहे हैं।
Author Profile

Latest entries
छपराMay 24, 2026सारण में पोखरे में डूबने से छात्र की मौत, अस्पताल में डॉक्टर नहीं मिलने पर हंगामा
क्राइमMay 24, 2026Robbery in Saran: सारण में दिनदहाड़े 18 लाख की लूट, हथियारबंद बदमाशों ने स्वर्ण व्यवसायी को बनाया निशाना
क्राइमMay 24, 2026Crime News Saran: ‘हम CBI से हैं…’ कहकर रोकी गाड़ी, फिर कट्टे के बल पर करोड़ों की लूट जैसी वारदात
करियर – शिक्षाMay 24, 2026BPSC अभ्यर्थियों के लिए बड़ी खुशखबरी: मुफ्त में मिलेगी आवासीय कोचिंग की सुविधा



