संतान की चाह लिए पहुंचीं महिलाएं, यदुवंशी राय मेमोरियल हॉस्पिटल बना आशा की किरण

छपरा। छपरा शहर के नगरपालिका चौक स्थित यदुवंशी राय मेमोरियल मल्टी स्पेशलिटी हॉस्पिटल में रविवार को निःसंतानता की जांच और परामर्श के लिए निःशुल्क चिकित्सा शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में सैकड़ों महिलाओं ने भाग लिया और विशेषज्ञ चिकित्सकों से परामर्श प्राप्त किया।
शिविर की प्रमुख स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ. प्रियंका यादव ने महिलाओं की आवश्यकतानुसार ब्लड शुगर, बीपी, ईसीजी, सीबीसी सहित सभी आवश्यक रक्त जांचों के साथ-साथ निःसंतानता से जुड़ी समस्याओं की गहन जांच की। उन्होंने बताया कि इस शिविर का उद्देश्य महिलाओं में निःसंतानता जैसी समस्याओं की समय रहते पहचान कर सही इलाज प्रदान करना था।
डॉ. प्रियंका यादव ने कहा, “निःसंतानता कोई लाइलाज बीमारी नहीं है। अगर सही समय पर जांच कर इलाज कराया जाए तो कई महिलाएं मातृत्व सुख पा सकती हैं। आज भी कई महिलाएं उचित जांच और इलाज के अभाव में दर-दर भटक रही हैं।”
उन्होंने बताया कि पीरियड संबंधी अनियमितता, अत्यधिक रक्तस्राव, पेट दर्द जैसी समस्याएं अक्सर बड़ी बीमारियों का संकेत होती हैं, जिन्हें नजरअंदाज नहीं किया जाना चाहिए।
डॉ. प्रियंका ने यह भी कहा कि निःसंतानता की बढ़ती समस्या का कारण आज की बदलती जीवनशैली, मानसिक तनाव, हार्मोनल असंतुलन और बढ़ती उम्र में विवाह जैसे कारक हैं। वैश्विक तापमान में बदलाव, पर्यावरणीय कारक और पारिवारिक संरचना में आए बदलाव भी इसके प्रमुख कारण हैं।
इस अवसर पर डॉ. हिमांशु कुमार ने कहा, “स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता फैलाने और आर्थिक रूप से कमजोर तबके को बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के उद्देश्य से ऐसे शिविरों का आयोजन हमारे संस्थान द्वारा समय-समय पर किया जाता है।”
इस निःशुल्क चिकित्सा शिविर में डॉ. प्रियंका यादव, डॉ. हिमांशु कुमार, अरुण कुमार, विशाल कुमार, सोयब, रितेश कुमार, अमन कुमार समेत कई चिकित्सा कर्मी और सामाजिक कार्यकर्ता मौजूद थे।
Author Profile

Latest entries
बिहारJune 15, 2026Bihar Palna Ghar: किलकारियों से गुलजार होंगे सरकारी दफ्तर, खुलेंगे 21 नए पालना घर
बिहारJune 15, 2026प्रिंस यादव की मौत की खबर सुनकर हिल गए खान सर, बोले- पैरों तले खिसक गई जमीन
बिहारJune 15, 2026ज्ञान बिंदु कोचिंग के डायरेक्टर रौशन आनंद को मिली जमानत, भाई के अंतिम संस्कार में होंगे शामिल
छपराJune 15, 2026छपरा की बेटी दिव्यांशी ने रचा इतिहास, भारतीय वायुसेना में बनी अधिकारी



