मढ़ौरा डीजल इंजन फैक्ट्री द्वारा निर्मित 500वें रेल लोकोमोटिव इंजन को DM ने किया रवाना
छपरा : जिलाधिकारी राजेश मीणा के द्वारा मढ़ौरा डीजल इंजन फैक्टरी द्वारा निर्मित 500वें रेल लोकोमोटिव इंजन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया। इस अवसर अपने संबोधन में जिलाधिकारी के द्वारा बताया गया कि मढ़ौरा में अत्याधुनिक विनिर्माण संयंत्र ने 2018 में परिचालन शुरू किया। यह फैक्ट्री विश्वस्तरीय है। प्रति वर्ष 120 लोकोमोटिव बनाने की क्षमता रखता है। संयंत्र ने बिहार से विविध और प्रतिभाशाली कार्यबल होने में एक नया मानक भी स्थापित किया है।
इसके अतिरिक्त मढ़ौरा कारखाने में और उसके आसपास के आउटरीच कार्यक्रमों ने क्षेत्र में सामुदायिक विकास को सक्षम करने वाले व्यावसायिक प्रशिक्षण और शैक्षिक इक्विटी को बढ़ावा दिया है। इसके विविध कार्यक्रमों ने 600 से अधिक महिला उद्यमियों को तैयार किया है। इसने स्थानीय पॉलिटेक्निक के इंजीनियरों को स्मार्ट वेल्डिंग कौशल के साथ प्रशिक्षित किया जो रोजगार सुरक्षित करने के लिए आवश्यक थे। सहयोगी कम्पनी वैबटेक कॉरपोरेशन (एनवाईएसई: डब्ल्यूएबी) परिवहन समाधान तैयार करने पर केंद्रित है। सारण के मढ़ौरा में वैबटेक के संयंत्र में 2015 में भारत सरकार की सार्वजनिक निजी भागीदारी ‘मेक इन इंडिया’ कार्यक्रम के हिस्से के रूप में 1,000 ईंधन- कुशल, उत्सर्जन- अनुपालन डीजल-इलेक्ट्रिक इवोल्यूशन विकसित करने और आपूर्ति करने के लिए + 2.5 बिलियन का समझौता किया गया था।
डॉ. सुजाता नारायण, सीनियर वाइस प्रेसिडेंट और इंडिया रीजन लीडर ने कहा, “यह उपलब्धि इस देश में अग्रणी रेल उद्योग आपूर्तिकर्ता के रूप में वेबटेक के सहयोगा से विकास में एक बड़ा कदम है और ‘मेक इन इंडिया पहल के प्रति प्रतिबद्धता को प्रदर्शित करती है।” “यह भारत में हमारी टीम के समर्पण के साथ-साथ दुनिया भर में समुदाय, सरकार, आपूर्तिकर्ताओं और अन्य वेबटेक साइटों के समर्थन के लिए प्रेरणाश्रोत है। ये लोकोमोटिव डिजिटल रूप से सक्षम हैं और ईंधन दक्षता प्रदान करने के लिए अत्याधुनिक तकनीक का उपयोग करते हैं और अंतर्राष्ट्रीय उत्सर्जन मानक UIC1 का अनुपालन सुनिश्चित करते हैं। ये नवीनतम लोकोमोटिव कैब एयर कंडीशनिंग, सीटों, शोर में कमी, गर्म हवा से बचाने हेतु स्क्रीन और डिजिटल डिस्प्ले के मामले में पायलटों के लिए एर्गोनोमिक आराम उपलब्ध करते हैं।
भारतीय रेलवे देश भर में भारी ढुलाई और कंटेनर संचालन के लिए बड़े पैमाने पर लोकोमोटिव का उपयोग कर रहा है। यह उपलब्धता और विश्वसनीयता के उच्च स्तर का प्रदर्शन कर रहा है, जो माल ढुलाई राजस्व में महत्वपूर्ण वृद्धि को सक्षम कर रहा है। वैबटेक लोकोमोटिव्स प्राइवेट लिमिटेड के प्रबंध निदेशक संदीप सेलोट ने कहा, मढ़ौरा परियोजना का सफल और समय पर निष्पादन सार्वजनिक निजी भागीदारी की सफलता में एक प्रमुख मील का पत्थर है। यह रोजगार सृजित करने और एक स्थानीय आपूर्तिकर्ता पदचिह्न स्थापित करने के साथ-साथ एक सामुदायिक आउटरीच कार्यक्रम स्थापित करने में भी सहायक रही है। इस अवसर पर जिला पदाधिकारी महोदय के द्वारा परिसर में वृक्षारोपण का कार्य भी संपादित किया गया।
Author Profile

- वर्ष 2015 से डिजिटल पत्रकारिता में सक्रिय है। दैनिक भास्कर और हिन्दुस्थान समाचार न्यूज एजेंसी में जिला प्रतिनिधि के तौर पर सेवाएं दीं। उत्कृष्ट पत्रकारिता के लिए कई मंचों से सम्मानित। वर्तमान में संजीवनी समाचार डॉट कॉम में Publisher & Editor-in-Chief के रूप में निष्पक्ष और जनहितकारी डिजिटल पत्रकारिता में निरंतर सक्रिय है।
Latest entries
- October 27, 2026छपरासारण के अमनौर हरनारायण पंचायत में 67.88 लाख के भुगतान पर सवाल, 6.82 लाख की कथित गड़बड़ी पर FIR की अनुशंसा
- October 25, 2026छपराAtal Ghat Chhapra: अटल घाट बनेगा आस्था और सुकून का नया ठिकाना! बनेगा वॉकिंग ट्रैक, रोशनी और हरियाली से निखरेगा परिसर
- October 25, 2026छपराSonpur Mela: सोनपुर मेला में बनेगा 500 अस्थायी शौचालय, व्यवस्थित पार्किंग और जाम से निपटने की तैयारी
- October 23, 2026Technologyमलेशिया में Airtel की रोमिंग फेल, पटना में कंपनी पर लगा ₹1.25 लाख का हर्जाना



