महाकुंभ: रेलवे ने झूंसी स्टेशन से हर 25 मिनट पर चलायी स्पेशल ट्रेन, छपरा के लिए तीन ट्रेन चली

छपरा। महाकुम्भ-2025 के दौरान मौनी अमावस्या के अवसर पर श्रद्धालु यात्रियों की भारी भीड़ को ध्यान में रखते हुये 30 जनवरी, 2025 को 16.30 बजे तक पूर्वोत्तर रेलवे के झूसी एवं प्रयागराज रामबाग स्टेशनों से गोरखपुर के लिये 09, भटनी के लिये 05, बलिया के लिये 04, छपरा एवं मऊ के लिये 03-03, बनारस, वाराणसी सिटी एवं गाजीपुर सिटी के लिये 02-02 समेत 06, औंड़िहार के लिये 01 तथा 01 रिंग रेल सहित कुल 32 ट्रेनें चलाई गई हैं। इसी प्रकार, झूसी एवं प्रयागराज रामबाग स्टेशनों से 29 जनवरी, 2025 को यानी मौनी अमावस्या को कुल 39 मेला विशेष गाड़ियाँ, 12 नियमित ट्रेन, 02 रिंग रेल एवं 01 लम्बी दूरी की ट्रेन सहित कुल 54 ट्रेनें चलाई गईं।
मेला विशेष गाड़ियों के संचलन हेतु पर्याप्त संख्या में रेक/कोचों की व्यवस्था की गई है, जिससे नियमित अन्तराल पर विशेष ट्रेनें चलाई जा रही हैं। ट्रेनों के दोनों तरफ इंजन लगाये गये, जिससे इंजन रिवर्सल का समय बचाया जा सका।
झूसी-प्रयागराज खंड का दोहरीकरण एवं विद्युतीकरण
वर्ष 2019 में प्रयागराज में आयोजित अर्द्धकुम्भ के दौरान मौनी अमावस्या पर चार दिनों में झूसी एवं प्रयागराज रामबाग स्टेशनों से कुल 36 मेला विशेष ट्रेनें चलाई गई थीं जबकि महाकुम्भ-2025 के दौरान पूर्वोत्तर रेलवे द्वारा एक दिन में 39 मेला विशेष ट्रेनें चलाई गईं, जो वर्ष 2019 की तुलना में 04 गुना से अधिक है। पिछले छः वर्षों में किये गये इन्फ्रास्ट्रक्चर विस्तार कार्यों के कारण इतनी ज्यादा ट्रेनें चलाना सम्भव हो पाया।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा 13 दिसम्बर, 2024 को बनारस-माधोसिंह-प्रयागराज खंड के दोहरीकरण परियोजना के अन्तर्गत गंगा नदी पर रेल पुल निर्माण सहित झूसी-प्रयागराज खंड का दोहरीकरण एवं विद्युतीकरण का लोकार्पण किया गया था, जिसके फलस्वरूप इतनी अधिक संख्या में ट्रेनों का संचलन सम्भव हो पाया है।
दोहरीकरण पर लगभग रू. 850 करोड़ की लागत
इस महाकुम्भ के शुरू होने के पूर्व बनारस-माधोसिंह-प्रयागराज (120 किमी.) खंड पर बढ़ते हुये यातायात को देखते हुये गंगा नदी पर रेल पुल सहित विद्युतीकरण एवं दोहरीकरण के साथ इस परियोजना को रू. 2,511 करोड़ की लागत से पूर्ण किया गया। गंगा नदी पर रेल पुल निर्माण सहित झूसी-प्रयागराज (7.63 किमी.) खंड के दोहरीकरण पर लगभग रू. 850 करोड़ की लागत आई। झूसी-प्रयागराज खंड के दोहरीकरण के अन्तर्गत गंगा नदी पर दोहरी लाइन के रेल पुल सं.-111 का निर्माण रू. 496.62 करोड़ की लागत से किया गया। यह एक महत्वपूर्ण पुल है, जिसकी लम्बाई 1,934 मीटर है। पुल के दोनों एप्रोचों पर वायाडक्ट का भी निर्माण किया गया है, जिसकी कुल 872 मीटर लम्बाई है। इस पुल के कारण मेला के दौरान श्रद्धालुओं का आवागमन सुगम हुआ है तथा क्षमता के विस्तार होने के फलस्वरूप महाकुम्भ के दौरान अधिक ट्रेनों का संचालन किया जा रहा है।
Author Profile

Latest entries
Railway UpdateMarch 10, 2026Train Updates: छपरा-गोरखपुर पैसेंजर समेत 3 ट्रेन कैंसिल, कई ट्रेनों का रूट डायवर्ट
छपराMarch 10, 2026छपरा में खुले में मांस-मछली बिक्री पर प्रतिबंध, बिना लाइसेंस वाले दुकानदारों पर गिरेगी गाज
क्राइमMarch 10, 2026Crime News: सारण में घर में घूसकर लूटपाट के दौरान अपराधियों ने चाकू गोदकर की महिला की हत्या
करियर – शिक्षाMarch 10, 2026Job Mela Chhapra: छपरा में 200 युवाओं को मिलेगा नौकरी का सुनहरा मौका, दो कंपनियों में होगी भर्ती



