फाइलेरिया उन्मूलन के लिए रात्रि में चलाया गया नाइट ब्लड सर्वे अभियान

छपरा

• प्रत्येक प्रखंड के दो गांवों में 300-300 लोगों के सैंपल लेने का लक्ष्य
• 21 अक्टूबर तक शत-प्रतिशत सैंपल कलेक्शन पूर्ण करने का निर्देश
• सहयोगी संस्थाओं के प्रतिनिधियों की सहभागिता महत्वपूर्ण
छपरा,19 अक्टूबर । फाइलेरिया उन्मूलन को लेकर स्वास्थ्य विभाग के द्वारा सामुदायिक स्तर पर प्रयास किया जा रहा है। स्वास्थ्य विभाग पूरी तरह से संकल्पित है। इसी कड़ी में जिले में मंगलवार से नाइट ब्लड सर्वे अभियान की शुरुआत की गयी। सिविल सर्जन डॉ. सागर दुलाल सिन्हा ने शहरी क्षेत्र में नाइट ब्लड सर्वे अभियान की शुरुआत की। वहीं प्रखंडों में मुखिया और जनप्रतिनिधियों के द्वारा शुरुआत की गयी। रात्रि में 8 बजे से ब्लड सैंपलिंग का कार्य शुरू किया गया जो देर रात तक चला। डीएमओ डॉ. दिलीप कुमार सिंह ने बताया कि प्रत्येक प्रखंड के दो गांव से रक्त के नमूने लिए गए।

इसमें एक क्षेत्र वह था जिसमें पूर्व में फाइलेरिया रोगी मिले हों। इसमें 20 साल से अधिक आयु की महिलाओं एव पुरुषों का सैंपल लिया गया। सैंपल लेकर रक्त पट्टिका बनाई गई। इसका उद्देश्य फालेरिया रोगी मिलने पर उसका तत्काल इलाज मुहैया कराकर जिले को इस रोग से मुक्त बनाना है। फाइलेरिया मच्छर के काटने से होने वाला एक संक्रामक रोग है जिसे सामान्यतः हाथीपाँव के नाम से भी जाना जाता है। केयर इंडिया के डीपीओ आदित्य कुमार ने बताया कि सभी प्रखंड में दो-दो साइट बनाए गए हैं। एक सेंटिनेल और दूसरा रैंडम साइट। जहां पर फाइलेरिया के अधिक केस मिले हैं वहां पर सेंटिनेल साइट बनाए गए हैं। इसके अलावा वैसी जगहों पर भी साइट बनाए गए हैं, जहां पर फाइलेरिया के कम मरीज मिले हैं। ऐसी जगहों पर रैंडम साइट बनाए गए हैं।

केयर इंडिया- सीफार और पीसीआई के प्रतिनिधि कर रहे सहयोग:

नाइट ब्लड सर्वे अभियान में स्वास्थ्य विभाग की सहयोगी संस्था केयर इंडिया, पीसीआई और सीफार के जिला प्रतिनिधियों के द्वारा सुपरविजन में सहयोग किया जा रहा है। इसके साथ सीफार के द्वारा गांवों में बनाये गये पेशेंट सपोर्ट नेटवर्क के सदस्य भी सहयोग कर रहे हैं । सोनपुर के कसमर में ब्लड सैंपल कलेक्शन में पेशेंट सपोर्ट नेटवर्क रामजानकी नेटवर्क के सदस्य रामबाबू सिंह, श्यामबाबू महतो, मोहन महतो, सुनिल कुमार के द्वारा लोगों को मोबलाइज कर सैंपल संग्रह में सहयोग किया गया।

21 अक्टूबर तक शत-प्रतिशत सैंपल कलेक्शन:

भीबीडीसी सुधीर कुमार ने बताया कि 18 से 21 अक्टूबर तक नाइट ब्लड सर्वे अभियान चलेगा। 21 अक्टूबर तक हर हाल में शत-प्रतिशत लक्ष्य के अनुरूप ब्लड सैंपल कलेक्ट करने का निर्देश दिया गया है। नाइट ब्लड सर्वे के तहत फाइलेरिया प्रभावित क्षेत्रों की पहचान कर वहां रात में लोगों के रक्त के नमूने लिये जाते हैं। इसे प्रयोगशाला भेजा जाता है और रक्त में फाइलेरिया के परजीवी की मौजूदगी का पता लगाया जाता है। फाइलेरिया के परजीवी रात में ही सक्रिय होते हैं, इसलिए नाइट ब्लड सर्वे से सही रिपोर्ट पता चल पाता । इससे फाइलेरिया के संभावित मरीज का समुचित इलाज किया जाता है।