गर्भावस्था में मलेरिया बीमारी सामान्य की तुलना में जल्दी और गंभीर होने की प्रबल संभावना

छपरा। “एक्सीलिरेटिंग द फाइट अंगेंस्ट मलेरिया फॉर ए मोर इक्वीटेबल वर्ल्ड” थीम के तहत आगामी 25 अप्रैल को विश्व मलेरिया दिवस मनाए जाने को लेकर विभागीय स्तर पर तैयारियां शुरू कर दी गई है। सिविल सर्जन डॉ सागर दुलाल सिन्हा ने बताया कि स्वास्थ्य विभाग द्वारा जिलेवासियों की मदद से लोगों में मलेरिया के प्रसार को रोकने के लिए जागरूकता पैदा करना मुख्य उद्देश्य होना चाहिए। क्योंकि मलेरिया एक जानलेवा बीमारी है जो मादा एनाफिलीज मच्छर के काटने से होता है। प्लाजमोडियम परजीवी से संक्रमित इस मच्छर के काटने से यह परजीवी मनुष्य के शरीर में प्रवेश कर जाता है। हालांकि पूरे विश्व में मलेरिया को जड़ से उखाड़ फेंकने के लिए हर संभव प्रयास किया जाता है।
गर्भावस्था में इम्युनिटी कमजोर होने से मलेरिया बीमारी सामान्य की तुलना में जल्दी और गंभीर होने की प्रबल संभावना: डॉ दिलीप
जिला वेक्टर जनित रोग नियंत्रण पदाधिकारी (डीवीबीडीसीओ) डॉ दिलीप कुमार ने बताया कि मलेरिया बीमारियो से संबंधित लक्षणों के आधार पर मरीजों का रक्त जांच कर बुखार उतारने के लिए दवा दी जाती है। ताकि गर्भवती महिलाएं और बच्चों को मलेरिया से बचाव किया जा सके। क्योंकि गर्भावस्था में इम्युनिटी बहुत कमजोर हो जाती है, जिस कारण मलेरिया सामान्य की तुलना में जल्दी और अत्यधिक गंभीर होने की संभावना प्रबल हो जाती हैं। जिससे गर्भवती महिलाओं को बार- बार मलेरिया होने के कारण कई जटिलाताओं पैदा हो सकती हैं। इसको रोकने के लिए मच्छरों को पनपने से रोंकना होगा। क्योंकि मलेरिया के मच्छर शाम या रात में अधिक सक्रिय रहते हैं। अपने घर के आसपास गंदे पानी का जमाव और कूड़े कचरे को फैलने से रोकना होगा। पूरे शरीर को ढंकने वाले कपड़े पहनें और मच्छर के प्रकोप को रोकने के लिए घरेलू उपायों के साथ ही मच्छरदानी लगाकर ही सोने की सलाह दी जाती है।
जीविका, स्कूल, पंचायती राज सहित स्वास्थ्य संस्थानों द्वारा विभिन्न प्रकार का आयोजन कर लोगों को किया जाएगा जागरूक: वीडीसीओ
वेक्टर जनित नियंत्रण पदाधिकारी (वीडीसीओ) शशि कुमार ने बताया कि जन समुदाय को मलेरिया से सुरक्षा एवं जागरूक करना है। क्योंकि मलेरिया से बचाव के लिए जन समुदाय को मछरदानी का प्रयोग, कीटनाशक दवा का छिड़काव एवं अपने आस पास जमा गंदगी एवं जल जमाव को खत्म करने के लिए आगामी 25 अप्रैल को विश्व मलेरिया दिवस मनाया जाएगा। जिसको लेकर जिला, प्रखंड एवं पंचायत स्तर पर जीविका समूह से जुड़ी महिलाएं ग्राम संगठन या समूह में बैठक का आयोजन कर मलेरिया बीमारी एवं इसके बचाव को लेकर विस्तार पूर्वक चर्चा करना है। वहीं जिले के सभी विद्यालयों के शिक्षकों द्वारा अपने- अपने स्कूलों के छात्र और छात्राओ को मलेरिया पर निबंध लेखन, चित्रांकन एवं प्रभात फेरी का आयोजन करवाना है। पंचायती राज्य विभाग के जनप्रतिनिधियों द्वारा जिले के सभी पंचायतों में मुखिया और वार्ड सदस्यों द्वारा ग्राम सभा का आयोजन कर समुदाय को मलेरिया बीमारी एवं इससे बचाव पर चर्चा करना है। जबकि जिले के सभी स्वस्थ्य केंद्रों द्वारा सभी आशा कार्यकर्त्ताओ के क्षेत्र में आशा दीदी के सहयोग से रैली का आयोजन कराना है।
Author Profile

- वर्ष 2015 से डिजिटल पत्रकारिता में सक्रिय है। दैनिक भास्कर, अमर उजाला और हिन्दुस्थान समाचार में सेवाएं दीं। उत्कृष्ट पत्रकारिता के लिए कई मंचों से सम्मानित। वर्तमान में Publisher & Editor-in-Chief के रूप में निष्पक्ष और जनहितकारी डिजिटल पत्रकारिता में निरंतर सक्रिय है।
Latest entries
करियर – शिक्षाFebruary 24, 2026Teacher Requirements: छपरा के AND पब्लिक स्कूल में विभिन्न पदों पर बहाली, 1 मार्च को होगी भर्ती प्रक्रिया
क्राइमFebruary 22, 2026Crime News Saran: सारण में वृद्ध की धारदार हथियार से हत्या, भतीजे के हत्याकांड का था गवाह
छपराFebruary 22, 2026Pipa Pul Construction: रिविलगंज-सिताब दियारा के बीच बनेगा पीपा पुल, निर्माण को मिली विभागीय मंजूरी
क्राइमFebruary 22, 2026Wanted Criminal: सारण पुलिस ने मशरक का टॉप-10 कुख्यात अपराधी राजीव सिंह को किया गिरफ्तार







