छपरा

सारण में चुनावी तैयारियां तेज, सरकारी कर्मियों का डाटाबेस होगा ऑनलाइन

छपरा। बिहार विधान सभा चुनाव 2025 की तैयारी के तहत, मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी, बिहार ने सभी जिलों में चुनाव से जुड़े कर्मियों का डाटाबेस संधारित करने के निर्देश जारी किए हैं। इन निर्देशों के आलोक में जिला निर्वाचन पदाधिकारी-सह-जिला पदाधिकारी, सारण ने सभी विभागीय अधिकारियों और कार्यालय प्रमुखों को अपने अधीनस्थ कर्मियों का डाटाबेस संकलित करने के लिए निर्देशित किया है।

डाटाबेस संधारण की प्रक्रिया:

सारण जिले में डाटाबेस संधारण का कार्य विभागीय स्तर पर तेजी से शुरू हो चुका है। विहित प्रपत्रों में संबंधित विभागीय प्रमुखों को उनके अधिनस्थ कर्मियों की सूची उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया है। यह प्रक्रिया लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 24 के तहत की जा रही है, जिसमें मतदान कर्मियों और पीठासीन अधिकारियों की नियुक्ति की जाती है।

शिक्षा विभाग पर विशेष ध्यान:

शिक्षा विभाग के हर कार्यालय और विद्यालय के कर्मियों की सूची का संकलन किया जाएगा। प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी और जिला शिक्षा पदाधिकारी को यह जिम्मेदारी सौंपी गई है कि वे विद्यालयों के शिक्षकों और शिक्षकेतर कर्मियों का डाटाबेस संधारित करें और भेजें। साथ ही, जिन कर्मचारियों का वेतन कोषागार से दिया जाता है, उनके आंकड़ों का भी मिलान किया जाएगा।

ऑनलाइन डाटाबेस प्रविष्टि:

डाटाबेस का संकलन जिला स्थापना शाखा के माध्यम से किया जाएगा। जिला सूचना विज्ञान पदाधिकारी को 15 मई 2025 तक सभी डाटाबेस को ऑनलाइन प्रविष्टि करने का कार्य सौंपा गया है।

अनुबंध कर्मियों का डाटाबेस:

जिला पदाधिकारी ने स्पष्ट किया है कि बिहार प्रशासनिक सुधार मिशन और बेल्ट्रॉन द्वारा नियुक्त किए गए अनुबंध कर्मियों का भी डाटाबेस तैयार किया जाएगा। हालांकि, इन कर्मियों से निर्वाचन में किस प्रकार की सेवा ली जाएगी, यह आयोग के दिशा-निर्देशों पर निर्भर करेगा।

यह डाटाबेस संधारण प्रक्रिया चुनावी तैयारियों में एक महत्वपूर्ण कदम है और इससे चुनाव में कर्मियों की कार्य क्षमता और पारदर्शिता सुनिश्चित की जाएगी।

News Desk

Publisher & Editor-in-Chief

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