नीतीश सरकार 94 लाख गरीब परिवारों कोदिया था 2-2 लाख का सपना, हकीकत में सिर्फ़ 1 लाख परिवारों को मिला अपना हिस्सा

पटना: बिहार में जेडीयू और आरजेडी गठबंधन की सरकार ने 2022 में जातिगत सर्वेक्षण शुरू किया था, जिसके आंकड़े 2023 में जारी किए गए। सर्वे में सामने आए 94 लाख गरीब परिवारों को दो-दो लाख रुपये की आर्थिक मदद देने की घोषणा तत्कालीन मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने की थी। हालांकि, गठबंधन टूटने और कार्यान्वयन में देरी के कारण इस योजना को गति नहीं मिल पाई। अब नीतीश कुमार की सरकार ने इन आंकड़ों को स्कैन और फिल्टर करने का फैसला किया है, ताकि वास्तविक जरूरतमंद परिवारों तक मदद पहुंचाई जा सके।
सर्वे के अनुसार, राज्य में कम से कम 94 लाख परिवारों की मासिक आय 6,000 रुपये से कम है। 7 नवंबर 2023 को नीतीश कुमार ने घोषणा की थी कि इन परिवारों को रोजगार या व्यवसाय शुरू करने के लिए दो-दो लाख रुपये की सहायता दी जाएगी, जिसे राज्य कैबिनेट ने भी मंजूरी दे दी थी। इसके तहत बिहार लघु उद्यमी योजना शुरू की गई, जिसमें 61 तरह के छोटे व्यवसायों को शामिल किया गया। पहले साल के लिए 250 करोड़ रुपये का बजट आवंटित किया गया था, जिसे अब बढ़ाकर 1,000 करोड़ रुपये कर दिया गया है।
केवल 1 लाख परिवारों को लाभ
हालांकि, इकनॉमिक टाइम्स की एक रिपोर्ट के अनुसार, अब तक केवल 1 लाख परिवारों को ही इस योजना का लाभ मिल पाया है। कुछ परिवारों को पूरी राशि मिली है, जबकि कई को अभी तक केवल कुछ किस्तें ही मिल पाई हैं। पहले साल 2 लाख 2 हजार से ज्यादा आवेदन आए थे, लेकिन सरकार केवल 50 हजार परिवारों को 50 हजार रुपये की पहली किस्त दे पाई।
अब आंकड़ों को फिल्टर करेगी सरकार
उद्योग मंत्री नीतीश मिश्रा ने कहा कि सरकार अब आंकड़ों को फिल्टर करेगी, क्योंकि कई परिवार पहले से ही अन्य योजनाओं का लाभ ले रहे हैं। उन्होंने आश्वासन दिया कि जिन परिवारों को वास्तव में मदद की जरूरत है, उन्हें जल्द ही धनराशि उपलब्ध करवाई जाएगी। इस कदम का मकसद यह सुनिश्चित करना है कि आर्थिक सहायता सही लाभार्थियों तक पहुंचे और योजना का प्रभावी क्रियान्वयन हो सके।
यह योजना बिहार में गरीबी उन्मूलन और स्वरोजगार को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है, लेकिन विशेषज्ञों का कहना है कि इसके सफल क्रियान्वयन के लिए पारदर्शिता और तेजी से काम करने की जरूरत है।
Author Profile

- वर्ष 2015 से डिजिटल पत्रकारिता में सक्रिय है। दैनिक भास्कर और हिन्दुस्थान समाचार न्यूज एजेंसी में जिला प्रतिनिधि के तौर पर सेवाएं दीं। उत्कृष्ट पत्रकारिता के लिए कई मंचों से सम्मानित। वर्तमान में संजीवनी समाचार डॉट कॉम में Publisher & Editor-in-Chief के रूप में निष्पक्ष और जनहितकारी डिजिटल पत्रकारिता में निरंतर सक्रिय है।
Latest entries
- July 14, 2026बिहारPatna Helicopter Joy Ride: अब बिहार की वादियों और विरासत का हवाई सफर, हेलिकॉप्टर सेवा शुरू होते ही सीटें फुल
- July 14, 2026छपराRation Card: सारण में राशन कार्ड से वंचित परिवारों की होगी घर-घर तलाश, 49 हजार से अधिक बनेगा नया राशन कार्ड
- July 14, 2026छपरासारण में मनरेगा योजनाओं में भ्रष्टाचार पर DDC का बड़ा एक्शन, मुखिया और BDC समेत 7 पर FIR दर्ज
- July 14, 2026छपराछपरा में बुजुर्गों के लिए बड़ी सौगात: 70 वर्ष से अधिक आयु वालों का होगा पूरी तरह निशुल्क इलाज



