कॉम्फेड बना बिहार के पशुपालकों की आय का मजबूत आधार, हर साल 3 हजार करोड़ रुपये की कमाई
आगामी पांच वर्षों में लाभान्वित पशुपालकों की संख्या को तीन गुना करेगा कॉम्फेड

पटना। बिहार सरकार के डेयरी, मत्स्य एवं पशु संसाधन विभाग की संस्था बिहार स्टेट मिल्क को-ऑपरेटिव फेडरेशन लिमिटेड (कॉम्फेड) पशुपलकों को सशक्त बनाने के लिए निरंतर प्रयासरत है। यह अपने ब्रांड ‘सुधा’ के माध्यम से दूध और डेयरी उत्पादों की बिक्री कर न केवल उपभोक्ताओं की जरूरतों को पूरा कर रहा है, बल्कि डेयरी किसानों को आर्थिक रूप से मजबूत भी बना रहा है। यह राज्य के हजारों किसानों–पशुपालकों की आजीविका का प्रमुख साधन है। इसका महत्व इस बात से समझा जा सकता है कि कॉम्फेड बिहार के डेयरी किसानों को सालाना करीब 3 हजार करोड़ रुपए का भुगतान करता है।
कॉम्फेड के माध्यम से बड़ी संख्या में डेयरी किसान लाभान्वित हो रहे हैं। विभाग के ताजा आंकड़ों के अनुसार, इसने करीब 14 हजार लोगों को प्रत्यक्ष और 7 लाख लोगों को अप्रत्यक्ष रोजगार दिया है। कॉम्फेड का लक्ष्य है कि आने वाले 5 वर्षों में यह संख्या बढ़ाकर 24 हजार प्रत्यक्ष और 21 लाख अप्रत्यक्ष रोजगार तक पहुंचाई जाए। वहीं इसका सालाना कारोबार 6,226 करोड़ रुपये है, जिसे बढ़ाकर 10,000 करोड़ रुपये करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
अंतर्राष्ट्रीय बाजार में भी पहुंच चुका है कॉम्फेड
कॉम्फेड के उत्पादों में दूध, घी, पनीर, दही, मिल्क पाउडर, आईसक्रीम, गुलाबजामुन, रसगुल्ला, पेड़ा, बालुशाही, राबड़ी, लस्सी आदि शामिल हैं। साथ ही, इसने नए उत्पाद जैसे गाय का घी, बेकरी प्रोडक्टस, टेट्रा पैक मिल्क शेक, छांछ, लस्सी और जूस सहित प्रीमियम मिठाइयां एवं स्नैक्स आदि भी बाजार में उतारे हैं। सुधा के उत्पादों को अंतर्राष्ट्रीय बाजार (अमेरिका, दुबई, वियतनाम, दक्षिण अफ्रीका) में बेचने की तैयारी चल रही है। पिछले वर्ष अमेरिका और कनाडा में घी एवं गुलाब जामुन भेजकर इसकी शुरुआत की जा चुकी है। हर दिन यह संस्था 30 लाख लीटर दूध एकत्र करती है और बिहार, झारखंड, उत्तर प्रदेश, दिल्ली, पश्चिम बंगाल आदि राज्यों में अपने उत्पाद बेचती है। वहीं, आईआईएम बोधगया के 19 छात्रों ने पहली बार बिहार स्टेट मिल्क को-ऑपरेटिव फेडरेशन (कॉम्फेड) में कार्य प्रारंभ किया है, जिससे संगठन के काम में और तेजी आने की उम्मीद है।
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- वर्ष 2015 से डिजिटल पत्रकारिता में सक्रिय है। दैनिक भास्कर और हिन्दुस्थान समाचार न्यूज एजेंसी में जिला प्रतिनिधि के तौर पर सेवाएं दीं। उत्कृष्ट पत्रकारिता के लिए कई मंचों से सम्मानित। वर्तमान में संजीवनी समाचार डॉट कॉम में Publisher & Editor-in-Chief के रूप में निष्पक्ष और जनहितकारी डिजिटल पत्रकारिता में निरंतर सक्रिय है।
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