Turki-Silaut new Railline: 12 किलोमीटर लंबे रेललाइन का सर्वे कार्य तेज़ी से जारी, नया स्टेशन भी बनेगा
तुर्की-सिलौत रेल लाइन और न्यू स्टेशन से बदलेगा माल परिवहन का नक्शा

मुजफ्फरपुर | मुजफ्फरपुर के रेलवे नेटवर्क को और सशक्त करने की दिशा में एक बड़ी पहल शुरू हो गई है। न्यू मुजफ्फरपुर स्टेशन को ध्यान में रखते हुए तुर्की-सिलौत नई रेल लाइन के निर्माण की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। आठ साल पहले भेजे गए इस प्रस्ताव को अब रेलवे बोर्ड ने हरी झंडी दे दी है।
12 किमी की नई रेल लाइन से कम होगा जंक्शन पर दबाव
करीब 12 किलोमीटर लंबी इस नई लाइन के बनने से मुजफ्फरपुर जंक्शन पर मालगाड़ियों की भीड़ में कमी आएगी। फिलहाल यहां से रोज़ाना 80 से अधिक मेल और एक्सप्रेस ट्रेनें गुजरती हैं, जिससे गुड्स ट्रेनों को कई बार घंटों खड़ा रहना पड़ता है। इससे न केवल व्यापारियों को नुकसान उठाना पड़ता है, बल्कि रेलवे के राजस्व पर भी असर पड़ता है।
तीन एजेंसियां कर रही हैं तेज़ी से सर्वे
रेलवे ने इस नई लाइन के सर्वे के लिए तीन एजेंसियों को लगाया है। उन्हें जल्द से जल्द रिपोर्ट सौंपने का निर्देश दिया गया है।
लाइन का संभावित रूट तुर्की स्टेशन से माधोपुर गांव होते हुए दिघरा, काजीइंडा से गुजरते हुए सिलौत स्टेशन तक जाएगा।
Railway News: रेलवे स्टेशन बना लग्ज़री लाउंज, अब ₹50 में मिलेगा होटल जैसा अनुभव |
एनएच से सटे न्यू मुजफ्फरपुर स्टेशन का भी प्रस्ताव
रेल प्रशासन ने काजीइंडा गांव के पास एनएच से सटे नए ‘न्यू मुजफ्फरपुर स्टेशन’ का प्रस्ताव भी भेजा है। इसके लिए भूमि चयन का कार्य शुरू कर दिया गया है।
यह नया स्टेशन माल ढुलाई के लिहाज से अहम होगा। यहां से मालगाड़ियों का माल सीधे ट्रकों या अन्य वाहनों के माध्यम से समस्तीपुर या अन्य गंतव्यों तक भेजा जा सकेगा। इससे लोडिंग-अनलोडिंग में समय की बचत होगी।
हाईटेंशन तार बन रहा चुनौती, एलाइमेंट बदलने की संभावना
रेल लाइन बिछाने में सबसे बड़ी चुनौती 132 केवी के हाईटेंशन तार बन रहे हैं, जो कि प्रस्तावित रूट के सीधा पड़ रहे हैं। यदि इन्हें शिफ्ट करना महंगा साबित हुआ तो रेल लाइन का रूट घुमा कर निकाला जाएगा। इसको लेकर रेलवे और बिजली विभाग के बीच बातचीत जारी है।
मालगाड़ी संचालन में होगी सुविधा
इस परियोजना के पूरा होने से नारायणपुर मालगोदाम या समस्तीपुर की ओर जाने वाली मालगाड़ियाँ तुर्की से होकर सीधे सिलौत निकल जाएंगी, जिससे जंक्शन पर ट्रैफिक का दबाव घटेगा और माल ढुलाई में लगने वाला समय भी कम होगा।
रेलवे की यह परियोजना मुजफ्फरपुर और इसके आसपास के औद्योगिक और व्यापारिक गतिविधियों को एक नई दिशा देगी। इससे न केवल रेलवे को आर्थिक लाभ मिलेगा, बल्कि क्षेत्रीय व्यापारियों को भी त्वरित माल परिवहन की सुविधा उपलब्ध होगी।
Author Profile

- वर्ष 2015 से डिजिटल पत्रकारिता में सक्रिय है। दैनिक भास्कर, अमर उजाला और हिन्दुस्थान समाचार में सेवाएं दीं। उत्कृष्ट पत्रकारिता के लिए कई मंचों से सम्मानित। वर्तमान में Publisher & Editor-in-Chief के रूप में निष्पक्ष और जनहितकारी डिजिटल पत्रकारिता में निरंतर सक्रिय है।
Latest entries
छपराMay 1, 2026मजदूर दिवस पर न्याय की हुंकार: “सशक्त मजदूर, सशक्त राष्ट्र” का संकल्प
करियर – शिक्षाApril 30, 2026Chhapra Rojagar Mela: छपरा के बेरोजगार युवाओं के लिए बड़ा मौका, बजाज संस में 83 पदों पर वैकेंसी
देशApril 30, 2026वर्षों पुराने केस अब जल्द होंगे खत्म, सुप्रीम कोर्ट ने लाया ‘समाधान समारोह-2026’
बिहारApril 30, 2026Electric Bus Services: बिहार में दौड़ेगी AC वाली 400 ई-बसें, राजगीर से पूर्णिया तक होगा बदलाव







