हड़ताली शिक्षकों को लॉक डाउन की अवधि का भी नहीं मिलेगा वेतन

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-अपर मुख्य सचिव ने जिला शिक्षा पदाधिकारियों को दिया निर्देश

– हड़ताल से लौटने के इच्छुक शिक्षक ई-मेल, व्हाट्सएप के माध्यम से पदाधिकारियों को भेज सकते हैं योगदान पत्र

@धनपत कुमार
पटना : बिहार सरकार के शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव आरके महाजन ने आदेश दिया है कि लॉक डाउन की अवधि में भी हड़ताली शिक्षकों के वेतन का भुगतान नहीं किया जायेगा और हड़ताल से जो शिक्षक वापस लौटने के इच्छुक हैं। वह ई-मेल तथा व्हाट्सएप के माध्यम से प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी एवं जिला कार्यक्रम पदाधिकारी ( समग्र शिक्षा) को अपना योगदान से संबंधित आवेदन भेज सकते हैं। व्हाट्सएप से योगदान पत्र भेजने वालों को, उसी मोबाइल नंबर का प्रयोग करने का निर्देश दिया गया है, जिस मोबाइल नंबर पर मानदेय या वेतन भुगतान की सूचना एसएमएस से मिलती है। अपर मुख्य सचिव ने इस संबंध में बिहार के सभी जिला शिक्षा पदाधिकारियों, जिला कार्यक्रम पदाधिकारियों (स्थापना) तथा जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (समग्र शिक्षा) को आवश्यक दिशा निर्देश जारी किया है। पत्र में कहा गया है कि पूर्व में निर्देश दिया गया था कि जनवरी 2020 तक के वेतन भुगतान के साथ-साथ जो शिक्षक हड़ताल पर नहीं है या जो हड़ताल पर कुछ अवधि रहने के उपरांत विद्यालय में योगदान कर लिए हैं, उनके फरवरी 2020 के कार्यरत अवधि के वेतन का भुगतान करें। वर्तमान समय में कोरोना वायरस जैसी वैश्विक महामारी के कारण लॉक डाउन लागू है, जिससे प्राथमिक एवं माध्यमिक विद्यालय बंद है । कुछ शिक्षक विद्यालय में योगदान करने के इच्छुक हैं, लेकिन विद्यालय बंद रहने के कारण योगदान करने में उन्हें कठिनाई हो रही है। उन शिक्षकों को सलाह दें कि प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी या जिला कार्यक्रम पदाधिकारी को अपना योगदान व्हाट्सएप तथा ई-मेल से भेज सकते हैं। व्हाट्सएप तथा ईमेल से योगदान पत्र भेजने वाले शिक्षक के आवेदन को औपबंधिक स्वीकृति देते हुए यह सूचना दे दें कि विद्यालय खुलने पर ही योगदान अंतिम रूप से स्वीकृति दी जाएगी। औपबंधिक स्वीकृति के उपरांत योगदान करने वाले हड़ताली शिक्षकों को फरवरी 2020 के कार्यरत अवधि के वेतन का भुगतान नेगेटिव लिस्ट की प्रतीक्षा किए बगैर कार्यरत अवधि का वेतन भुगतान कर दिया जाए, परंतु लॉक डाउन की अवधि में हड़ताल पर रहने वाले शिक्षकों के वेतन का भुगतान नहीं किया जाएगा। पत्र में स्पष्ट किया गया है कि हड़ताल अवधि के लिए “नो वर्क नो पे के सिद्धांत” का अक्षरशः अनुपालन किया जाएगा।

Ranjit Kumar

Ranjit Kumar

Digital Media Reporter

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