क्लास में नहीं पढाने वाले शिक्षक ही कदाचार रोकने के नाम पर कर रहे हैं मनमानी

इस समाचार को शेयर करें

छपरा । एक दिन भी वर्ग संचालन में भाग नहीं लेने वाले शिक्षक ही कदाचार रोकने के नाम पर गुंडागर्दी कर रहे हैं और निर्दोष छात्र-छात्राओं का निष्कासन कर रहे हैं। उक्त बातें आर एस ए के संयोजक विवेक कुमार विजय ने रविवार को कही । उन्होंने कहा कि स्नातक द्वितीय खंड की परीक्षा में कुलपति के सामने अपना सीआर टाइट करने के लिए निर्दोष छात्र-छात्राओं को कदाचार के झूठे आरोप में निष्कासित किया जा रहा है, जिसे संगठन किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं करेगा। संगठन कभी भी कदाचार का समर्थन नहीं करता, लेकिन कदाचार को रोकने के नाम पर अपने सी आर टाइट करने के लिए गुंडागर्दी भी बर्दाश्त नहीं करेगा। कल निष्कासित छात्र-छात्राओं को, जिन शिक्षकों के द्वारा निष्कासित किया गया । अपने पूरे नौकरी के जीवन काल में इन शिक्षकों के द्वारा एक दिन भी वर्ग संचालन नहीं किया गया है । वह कदाचार रोकने की नौटंकी कर रहे हैं । कोई भी छात्र – छात्रा जिनका कल निष्कासन हुआ, कदाचार में लिप्त नहीं थे ।कुलपति को किसी लफंगे ने गलत सूचना दे दी और कुलपति के नजर में अच्छे शिक्षक बनने के लिए एवं पदाधिकारी बनने के लिए निर्दोष छात्र-छात्राओं का निष्कासन किया गया । कुलपति ने स्वयं क्यों नहीं इन सेंटरों पर जांच की, तब तक सही रूप में तथ्य सामने आता । हम कुलपति से मांग करते हैं कि जितने छात्र-छात्राओं का निष्कासन छपरा एवं सिवान में किया गया है, एक कमेटी बनाकर जांच की जाए दूध का दूध और पानी का पानी अलग हो जाएगा और इन लोगों का चरित्र भी समाज के सामने प्रदर्शित हो जाएगा ।

अभी तक जितने निष्कासन हुए हैं, इस विश्वविद्यालय में स्नातक द्वितीय खंड की परीक्षा में सारी कॉपियों को एक जगह लाया जाए और उसकी जांच कमेटी जो शिक्षक वर्ग संचालन में भाग लेता है, उससे जांच कराइ जाए। तब पता चलेगा कि इन लोगों ने कैसा कुकर्म किया है । उन्होंने कहा कि अपना करैक्टर सुधार करने के लिए कुलपति से संगठन यह भी मांग करती है कि वैसे शिक्षकों को फ्लाइंग स्क्वायड एवं ऑब्जर्वर के रूप में नियुक्त करें, जिन्होंने वर्ग संचालन में भाग लिया है ।

वैसे शिक्षकों को ना भेजें जो दिन भर विश्वविद्यालय के पदाधिकारियों को आगे पीछे महिमामंडित करते हो। कदाचार किसी भी कीमत पर नहीं होना चाहिए। लेकिन कदाचार के नाम पर गुंडागर्दी बर्दाश्त नहीं किया जायेगा । 

Ganpat Aryan

Ganpat Aryan

Multimedia Journalist

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!